Ayodhya Ke Ram

Ayodhya Ke Ram

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रामचंद्र कह गए सिया से
ऐसा कलियुग आएगा
रामायण की भूमि में
प्रमाण, राम का, माँगा जायेगा

राम राज्य सा राज नहीं
सो राम भरोसे, चल रहे हम
भले राम-राम से दिन आरम्भ
हे! राम से कष्ट ख़तम

राम-धुन से धैर्य मिला
रामलीला से कौतूहल
राम जाने क्यों आज के युग में
दैतीय शक्ति हुई प्रबल

जहाँ रामधारी हुआ दिनकर
रामचंद्र हुआ गुहा क्यों
ये छुरी सा सीताराम
पूजे चीन और मऊ

मुंह में राम बगल में छुरी
रखने वालों का सपना
राम नाम जपते जपते
माल पराया हो अपना

जहाँ राम नाम है, परम सत्य,
मांगा जा रहा वहाँ प्रमाण।
न्याय देवी के चक्षु खुलें तो
पाएँगीं घट-घट में राम

रघुपति राघव राजा राम
भारत के बापू गाते थे
हिन्दू मुस्लिम सिख ईसाई
मंत्रमुग्ध अपनाते थे

खोजो मन, मानव, मिटटी
इतिहास, भविष्य या वर्तमान
चारों दिशाएं पुलकित होकर
करती हैं जिनका गुण-गान
भारत- भूमि के मनवांछित
थे, हैं, रहेंगे – सदैव श्री राम।

  • @dimple_kaul